टीएचडीसी की पंप स्टोरेज प्लांट की 250 मेगावाट की सीओडी प्रक्रिया शुरू
ऋषि टाइम्स न्यूज
ऋषिकेश। टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड की 1000 मेगावाट वेरिएबल स्पीड पंप स्टोरेजे प्लांट की 250 मेगावाट की तीसरी यूनिट का वाणिज्यिक संचालन, सीओडी प्रक्रिया का विधिवत शुभारंभ हो गया।
केंद्रीय विद्युत तथा आवास मंत्री मनोहर लाल ने वर्चुअल माध्यम से इसका शुभारंभ किया। इस मौके पर विद्युत और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा के राज्य मंत्री, श्रीपाद नाइक और यूपी के ऊर्जा मंत्री एके शर्मा भी मौजूद रहे।
इस मौके पर केंद्रीय विद्युत मंत्री मनोहर लाल ने टीएचडीसी की टीम को टिहरी पीएसपी की तीसरी यूनिट (250 मे.वा.) की सीओडी प्रक्रिया के सफलतापूर्वक शुरू होने पर बधाई दी। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि बिजली की खपत लगातार बढ़ने के साथ, पीएसपी जैसे स्टोरेज एसेट चौबीसों घंटे विश्वसनीयता सुनिश्चित करने के लिए बहुत ज़रूरी हैं।
राज्य मंत्री श्रीपाद नाइक ने कहा कि टीएचडीसी पंप स्टोरेज समाधानों के विकास में एक अग्रणी सार्वजनिक क्षेत्र संगठन के रूप में उभर रहा है। टिहरी पीएसपी की दो यूनिट पहले ही वाणिज्यिक संचालन में हैं और तीसरी यूनिट आज सफलतापूर्वक शुरू हो गई है, जिससे निगम 1000 मेगावाट क्षमता वाले इस परियोजना को पूर्ण रूप से कमीशन करने की दिशा में दृढ़ता से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि कई अतिरिक्त पंप स्टोरेज परियोजनाएँ पाइपलाइन में हैं, जो टीएचडीसी को देश के भविष्य के ग्रिड के लिए आवश्यक स्टोरेज अवसंरचना के एक प्रमुख प्रेरक के रूप् में स्थापित करती हैं।
यूपी के ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने भी टीएचडीसी को इस विशेष उपलब्धि के लिए बधाई देते हुए इस परियोजना के तकनीकी महत्व पर बल दिया।
उन्होंने कहा कि बड़े पैमाने पर नवीकरणीय ऊर्जा को राष्ट्रीय ग्रिड में समाहित करने के लिए उन्नत पंप-स्टोरेज प्रणालियाँ अत्यंत आवश्यक हैं। 2030 तक 500 गीगावाट नवीकरणीय क्षमता के माननीय प्रधानमंत्री के विज़न के संदर्भ में, टिहरी पीएसपी एक महत्वपूर्ण परिसंपत्ति के रूप में उभरता है, जो भविष्य में अधिक नवीकरणीय ऊर्जा को अपनाने हेतु आवश्यक बैलेंसिंग क्षमता सुनिश्चित करता है।
सचिव पंकज अग्रवाल ने टीएचडीसी टीम को इस उत्कृष्ट वर्ष के लिएहार्दिक बधाई दी, जिसमें 1320 मेगावाट के खुर्जा सुपर थर्मल पावर प्रोजेक्ट की दोनों इकाइयों का सफलतापूर्वक चालू होना तथा टिहरी पंप्ड स्टोरेज प्रोजेक्ट की तीनों यूनिट्स का वाणिज्यिक संचालन शामिल है। उन्होंने इन महत्वपूर्ण राष्ट्रीय परिसंपत्तियों के सफल संचालन और समयबद्ध प्रगति के लिए पूरी टीएचडीसी टीम की सराहना की और आगामी परियोजनाओं में भी इसी गति, प्रतिबद्धता और दक्षता को बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया।”
घनश्याम प्रसाद, चेयरपर्सन, सीईए, ने अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, टीएचडीसी और पूरी टीम को बधाई देते हुए कहा कि इस पंप स्टोरेज परियोजना का राष्ट्रीय ग्रिड में सफल एकीकरण पावर सेक्टर के लिए गर्व का क्षण है। एक सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम द्वारा विकसित किए जा रहे प्रारम्भिक वेरिएबल-स्पीड पीएसपी में से एक होने के नाते, यह उपलब्धि अनेक तकनीकी और क्रियान्वयन संबंधी चुनौतियों के बावजूद हासिल किया गया एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने इस परियोजना से प्राप्त अनुभव और सीख को पूरे विद्युत क्षेत्र के साथ साझा करने की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि इन अमूल्य जानकारियों का व्यापक लाभ मिल सके।
अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, एनटीपीसी गुरदीप सिंह, ने टीएचडीसी टीम को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि पावर सेक्टर के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। ऐसे समय में जब देश विश्वसनीय ऊर्जा-भंडारण समाधानों की बढ़ती आवश्यकता से जूझ रहा है, यह विकास पीक डिमांड के दौरान सुनिश्चित एवं स्थिर बिजली आपूर्ति की क्षमता को उल्लेखनीय रूप से सुदृढ़ करता है। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि अधिक लचीले, अधिक सक्षम और भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार राष्ट्रीय ग्रिड की दिशा में एक निर्णायक और दूरगामी कदम है।”
टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड के सीएमडी सिपन कुमार ने लगातार मार्गदर्शन और सहयोग के लिए माननीय केंद्रीय विद्युत तथा आवास एवं शहरी कार्य मंत्री, भारत सरकार, का आभार व्यक्त किया। उन्होंने माननीय विद्युत और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के राज्य मंत्री, और ऊर्जा एवं नगर विकास मंत्री, उत्तर प्रदेश सरकार का भी उनके प्रोत्साहन के लिए धन्यवाद दिया।
इस मौके पर अपर सचिव नरेंद्र भूषण, पीयूष सिंह, संयुक्त सचिव मोहम्मद अफजल, मुख्य तकनीकी अधिकारी एलपी जोशी, कुमार शरद, कार्यपालक निदेशक नीरज वर्मा, मुख्य महाप्रबंधक (टीसी) एमके सिंह, डॉ अमर नाथ त्रिपाठी आदि मौजूद रहे।

